बिलासपुर - जैन समाज की उदीयमान प्रतिभा परिणति जैन ने प्रथम प्रयास में ही सीए फाइनल परीक्षा के दोनों ग्रुप उत्तीर्ण कर 22 वर्ष की अल्प उम्र में चार्टर्ड अकाउंटेंट बनने की ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। परिणति सीए रोमेश जैन एवं अनुभूति जैन की सुपुत्री एवं श्रीमती विजया विजय कुमार जैन की सुपौत्री है। इस सफलता से न केवल परिवार, बल्कि संपूर्ण जैन समाज में हर्ष और गौरव का वातावरण है।
परिणति जैन की शैक्षणिक यात्रा सदैव उत्कृष्ट रही है। उन्होंने सीए इंटर की परीक्षा भी प्रथम ही प्रयास में उत्तीर्ण की थी, जिससे उनकी प्रतिभा और दृढ़ निष्ठा का प्रमाण मिलता है। केवल शिक्षा ही नहीं, बल्कि सांस्कृतिक गतिविधियों में भी वे समान रूप से सक्रिय रही हैं, उन्होंने कत्थक नृत्य में भी ग्रेजुएशन कर कला क्षेत्र में भी अपनी दक्षता सिद्ध की है।
धार्मिक और संस्कारित परिवेश में पली-बढ़ी परिणति समाज एवं परिवार की परंपराओं, मर्यादाओं और धार्मिक मूल्यों से गहराई से जुड़ी हुई हैं। अब वे फाइनेंस एवं बिजनेस कंसल्टेंसी के क्षेत्र में अपना करियर आगे बढ़ाने का संकल्प लेकर नई पीढ़ी के लिए प्रेरणादायक उदाहरण बन रही हैं।
समाज के वरिष्ठजनों, शिक्षकों, परिजनों एवं शुभचिंतकों ने परिणति को हार्दिक बधाई देते हुए कहा कि उनकी यह उपलब्धि न केवल व्यक्तिगत सफलता है, बल्कि समाज की सामूहिक प्रेरणा है।