रायपुर - जैन संवेदना ट्रस्ट व छत्तीसगढ़ जैन समाज ने विदेश में रहने वाले जैन भाई बहनों से सम्पर्क किया है, देश के अनेक तीर्थों के पदाधिकारियों से चर्चाकर आंदोलन को सम्बल देने नवकार जाप का निर्णय लिया गया है। जैन समाज के अनुनायियों से अनुरोध किया है, कि भगवान पार्श्वनाथजी का ध्यान लगाकर नवकार महामंत्र की एक माला अवश्य फेरे और प्रार्थना करे, कि केन्द्र व राज्य सरकार शीघ्र सम्मेदशिखर तीर्थाधिराज को पवित्र संरक्षित क्षेत्र घोषित करे।
जैन संवेदना ट्रस्ट के महेन्द्र कोचर व विजय चोपड़ा ने कहा कि जैनधर्म के शास्वत महामंत्र नवकार में असीम शक्ति समाहित है। जैनधर्म के 20 तीर्थंकर परमात्मा का निर्वाण मोक्ष सम्मेदशिखर में हुआ है, ऐसे पवित्र तीर्थाधिराज को केन्द्र सरकार संरक्षित पवित्र तीर्थ क्षेत्र घोषित करे, इस भावना को लेकर जैन संवेदना ट्रस्ट ने सकल विश्व जैन समाज से 6 जनवरी पूर्णिमा के पावन दिवस एक करोड़ नवकार महामंत्र जाप का आव्हान किया है। जैन संवेदना ट्रस्ट के महेन्द्र कोचर व विजय चोपड़ा ने कहा कि सम्मेदशिखर पारसनाथ पहाड़ी को पर्यटन स्थल का दर्जा देने से उस क्षेत्र की पवित्रता बाधित होगी। इको सेंसेटिव क्षेत्र घोषित होने से पहाड़ियों पर हिंसक प्रवित्तियाँ बढ़ेगी जोकि अहिंसा परमो धर्म को मानने वाले जैन समाज को कतई स्वीकार नही है। कोचर व चोपड़ा ने प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी से मांग की है, कि आपकी सरकार ने काशी विश्वनाथ व उज्जैन महाकाल को भव्यातिभव्य बनाया है, उसी तरह सम्मेदशिखर की पवित्रता को शीघ्र संज्ञान में लेकर जैन तीर्थ क्षेत्रों को संरक्षण प्रदान करे। जैन संवेदना ट्रस्ट ने भारत के जैन मतदाताओं से अपील की है सम्मेदशिखर को संरक्षित क्षेत्र घोषित होने तक सभी मतदान का बहिष्कार करे।