कवर्धा - नगर पालिका कवर्धा में विधानसभा चुनाव के बीच में कांग्रेस पार्टी की अंतर्कलह निष्ठा और भीतरघात को लेकर सामने आयी थी। तब से आग अंदर ही अंदर सुलगती गई प्रदेश आलाकमान नेता के द्वारा इस्तीफा देने की बात कही गई। जेहन में सुलग रही अग्नि की ज्वाला अपशब्दों के साथ गाली गलौच पर शांत नही हुई। रिश्तेदारों के द्वारा भी ऑडिओ रिकार्डिंग में खरी खोटी वायरल करने वाले को सुनाई गई। मामला और भी उलझता गया। आग की ज्वाला शांत होने के बजाय बढ़ता ही गया। अध्यक्ष ऋषि शर्मा का इस्तीफा आने के बाद नाराज कांग्रेस के पार्षदों ने नगर पालिका भवन के सामने फटाखा फोड़ खुशी मनाई और शांति का रास्ता अख्तियार कर नये समीकरण बनाने में जुटे पार्षदों की गर्मी कम हुई है।
नगर पालिका कवर्धा की लड़ाई समाने आने के बाद से कांग्रेस में अंतर्कलह प्रमाणित हो गया है। नगर पालिका अध्यक्ष का इस्तीफा के साथ ही शहर के कुछ संगठन पदाधिकारी का इस्तीफा होना बांकी है। वह कब होता है कांग्रेस कार्यकर्ता बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
चुनावी दंगल के मैदान में हार जीत एक सतत प्रक्रिया है, जनता का फैसला न चाहकर भी मानना पड़ेगा, इसी का नाम लोकतंत्र है। जिसे हारने वाले ने विनम्रतापूर्वक स्वीकार कर लिया है। रही बात नगर पालिका कवर्धा की तो जनता ने कांग्रेस पार्टी को जनादेश दिया है। उस पर कोई छेड़छाड़ नही करने नवनिर्वाचित विधायक प्रदेश के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा जी ने बात कही है। ऋषि शर्मा अपने ऑडिओ में नगर पालिका अधिनियम की धारा 37/2 का प्रयोग करने के साथ ही बीजेपी का अध्यक्ष बैठने की बात पर खुशी जाहिर किया था, किंतु यहाँ यह भी बताना आवश्यक है। ऋषि शर्मा को अनियमितता के आरोप में राज्यशासन के द्वारा कार्रवाई कर हटाया नही गया है, इस्तीफा दिया गया है। इसलिये धारा 37/2 इसके इस्तमाल पर विराम लग जाता है। यानी बहुमत के आधार पर ही रिक्त हुई पद पर चुनाव के बाद नगर पालिका कवर्धा के जनता को प्रथम नागरिक मिलेगा। ऋषि शर्मा ने मुख्यनगर पालिका अधिकारी को अपनी इस्तीफा दे दिया है उसे स्वीकार कर राज्यशासन को जानकारी दे दिया गया है। राज्यशासन अपनी मुहर लगाकर कब आदेश करती है। जिसके परिपालन में विहित अधिकारी जिला कलेक्टर कबीरधाम के चुनाव तारीख का प्रतीक्षा करना पड़ेगा। इस बीच कई बार नगर पालिका की राजनीतिक् समीकरण बनेगा बिगड़ेगा और नगर में चर्चाओं का बाजार गर्म रहेगा। वैसे भी सर्दी के मौसम में कवर्धा की आभो हवा अध्यक्ष पद को लेकर गर्म हो गई है। कांग्रेस के पास संख्याबल 20 है, भाजपा के पास 5 अन्य 2 है। 3 एल्डरमेन तीनो एक ही वार्ड से बनाया जाना भी कुछ तो मायने रखता है। दावेदारों में प्रथम नाम वार्ड नम्बर 23 के पार्षद मोहित माहेश्वरी को माना जा रहा है।