रायपुर - आचार्य श्री महाश्रमण जी के सुशिष्य मुनिश्री सुधाकर कुमार जी व मुनिश्री नरेश कुमार जी का गुरु इंगित अनुसार रायपुर (छत्तीसगढ़) वर्षावास अर्थात चातुर्मास हेतु सिमोगा (कर्नाटक) से लगभग 1200 किलोमीटर का पद विहार कर छत्तीसगढ़ की पावन धरा बाघ नदी पर प्रातः 8:20 पर मंगल प्रवेश हुआ।
मंगल प्रवेश अवसर पर रायपुर, राजनांदगांव, दुर्ग, भिलाई व अम्बिकापुर क्षेत्र के श्रावक-श्राविका समाज की गरिमामय उपस्थिति रही। बाघनदी स्थित गुरु जी की कुटिया पर प्रवेश उपरांत आयोजित स्वागत समारोह में मुनिश्री नरेश कुमार जी ने उपस्थित समाजजनों से चातुर्मास काल का आध्यात्मिक लाभ लेने प्रयास रत रहने आवाह्न किया। मुनिश्री सुधाकर कुमार जी ने 'स' अर्थात सकारात्मक सोच को अपनाते हुए जीवन का कल्याण करने व 'न' अर्थात नकारात्मकता को दूर कर जीवन को सुखमय बनाने पर बड़े ही रोचक उदाहरण प्रस्तुत करते हुए उपस्थित धर्मसभा को प्रेरित किया।
दिनांक - 02/05/2024
17 Aug 2026