पंडरिया - बीते 5 वर्षों मे विकास मानो थम सा गया था, क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों सहित ग्रामीणों क्षेत्र के हो रहे निर्माण कार्यों में ब्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने के साथ ही जनभानाओं के अनुरूप कार्य करने की चुनौती नवनिर्वाचित विधायक भावना बोहरा के समाने है। विधानसभा पंडरिया चुनाव पहले से ही लग रहा था कि समाज सेवा के साथ ही राजनीति में आयी है। श्रीमती भावना बोहरा एक वीनिंग कैंडिडेट हैं। कांग्रेस ने नीलकंठ चंद्रवंशी को अपना प्रत्याशी बनाया तो जनता ने पुरी मन बना लिया भावना की जीत निश्चित है। क्षेत्रीय लोगों की जो जनादेश दिखता है, उसमें किसी जाति धर्म समुदाय से ऊपर उठाकर फैसला दिया है। कांग्रेस की कर्ज माफी फेक्टर ज्यादा काम् नही करी है। क्षेत्र 5 साल तक विकास के नाम पर उपेक्षित रहा है। कुछ क्षेत्र विशेष वर्ग विशेष भी उपेक्षा के शिकार हो दंश झेल रहे लोगों को मुक्ति पाने की इंतजार थी। इसलिए भावना बोहरा को लोगों ने पंडरिया विधानसभा की बाग डोर हाथ में सौंपी है। यह पहली घटना है, कि क्षेत्रीय जनता ने दोबारा महिला विधायक बना पसंद किया है, इसलिय भी अपेक्षाएं और ज्यादा हो जाती हैं। क्षेत्र के हर छोटे बड़े कामों में गुडवत्ता की कमी देखी जा सकती है। शिक्षा स्वास्थ्य बिजली पानी सड़क सिचाई के साधन बुरी तरह प्रभावित हैं, आदिवासी अंचल नेताओं के लिए पिकनिक स्पाट था। उन्हे उनके मुलभुत सुविधाओं की आवश्यक्ताएं दिखाई नही दे रहा था। राजनीति को सेवा का जरिया बनाकर आयीं भावना के लिए आदिवासी अंचल बहुत बड़ी चुनौती है। पंडरिया विधानसभा अनुसूचित जाति जनजाति पिछड़ा वर्ग बाहुल्य है। खाश कर अनुसूचित बाहुल्य एरिया बहुत ज्यादा उपेक्षा के शिकार है। अपने सेवा भावना के बल पर जनता के बिच पहचान बनाने वाली ऊर्जावान सशक्त नवनिर्वाचित महिला विधायक को क्षेत्रीय जनता की अपेक्षाओं को पुरा करने के लिए छत्तीसगढ़ भाजपा की सरकार में मंत्री पद पर देखना चाहती है। पंडरिया विधानसभा के इतिहास में अविभाजित मध्यप्रदेश के समय से लेकर छत्तीसगढ़ स्थाना तक किसी पार्टी ने भी अपने विधायक को मंत्री पद नही दिया है। चुनाव प्रचार के द्वौरान राष्ट्रीय अध्यक्ष सहित बड़े बड़े स्टार प्रचारक विधानसभा में प्रचार करने पहुंचे थे, इसे भी ध्यान में रखा जाय तो पंडरिया विधायक श्रीमती भावना बोहरा को उपेछित वर्गों की अपेक्षा व विकास को पूर्ण करने के लिए मंत्री मंडल में स्थान मिलना अनिवार्य ही नही जरूरत भी है।